साल 2026 की शनि जयंती ज्योतिषीय दृष्टि से एक ऐतिहासिक संयोग लेकर आ रही है. इस बार शनि जयंती 16 मई 2026, शनिवार को मनाई जाएगी. शनिवार के दिन ही शनि जन्मोत्सव का होना अपने आप में बेहद शुभ और दुर्लभ माना जाता है. इसी पावन अवसर पर चंद्रमा का राशि परिवर्तन यानी चंद्र गोचर (Chandra Gochar) होने जा रहा है, जो 4 खास राशियों के लिए कुबेर का खजाना खोलने वाला साबित होगा.

शनि जयंती 2026: तिथि, गोचर और शुभ मुहूर्त
ज्योतिष गणना के अनुसार, इस दिन ग्रहों की स्थिति बहुत महत्वपूर्ण है:

शनि जयंती तिथि: 16 मई 2026, शनिवार
अमावस्या तिथि प्रारंभ: 16 मई 2026 को सुबह 05:11 बजे से

अमावस्या तिथि समाप्त: 17 मई 2026 को तड़के 01:30 बजे तक

चंद्र गोचर का समय: शनि जयंती के दिन शाम को 5 बजकर 29 मिनट पर चंद्र ग्रह का गोचर होगा.

वृषभ में प्रवेश: इसके बाद रात 10 बजकर 46 मिनट पर चंद्रमा वृषभ राशि में प्रवेश कर जाएंगे.

नक्षत्र परिवर्तन: शाम के समय चंद्र देव कृत्तिका नक्षत्र में प्रवेश करेंगे, जो इस दिन के महत्व को और बढ़ा देगा.

1. वृषभ राशि: बरसेगा अपार धन
वृषभ राशि वालों के लिए यह गोचर किसी लॉटरी से कम नहीं है. आर्थिक तंगी दूर होगी और पुराने निवेश से मोटा मुनाफा मिलने के संकेत हैं. शनि जयंती के बाद से आपके बैंक बैलेंस में बढ़ोतरी देखी जा सकती है.

2. मिथुन राशि: चमकेगा करियर का सितारा
नौकरीपेशा जातकों के लिए यह समय बड़ी तरक्की का है. वर्कप्लेस पर आपके काम की तारीफ होगी और पदोन्नति (Promotion) के प्रबल योग बनेंगे. जो लोग नई नौकरी की तलाश में हैं, उन्हें मनचाहा ऑफर मिल सकता है.

3. सिंह राशि: अटके हुए काम होंगे पूरे
सिंह राशि के जातकों के लिए आत्मविश्वास में वृद्धि का समय है. लंबे समय से कोर्ट-कचहरी या जमीन-जायदाद के जो मामले अटके हुए थे, वे अब आपके पक्ष में सुलझ सकते हैं. समाज में आपका दबदबा बढ़ेगा.

4. धनु राशि: भाग्य का मिलेगा डबल साथ
धनु राशि वालों के लिए शनि जयंती से शुरू हो रहा यह समय सुखद रहेगा. भाग्य का साथ मिलने से आपके बिगड़े काम बनने लगेंगे. अचानक धन लाभ की संभावना है और धार्मिक यात्राओं के भी योग बन रहे हैं.

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