कराची तक चली रेल से अमृत भारत तक, बाड़मेर स्टेशन की गौरवगाथा
बाड़मेर पहले यह रेलवे स्टेशन टीन छप्पर का रहा। अंग्रेजों का जमाना आया और आजादी मिली तो गोल बिल्डिंग की छतें मिली जो अब बहुत कम जगह पर नजर आती है। 1971 के युद्ध में बाड़मेर के इस रेलवे स्टेशन पर बम बरसाए गए, लेकिन रेल नहीं रोक पाए। 1965 तक इस रेलवे स्टेशन से […]
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