भोपाल
मध्यप्रदेश में 16 जून से मानसून ने दस्तक दी। 27 जुलाई तक प्रदेश के ज्यादातर शहरों में खूब पानी गिरा। डेढ़ महीने में प्रदेश में सामान्य से 16% ज्यादा यानी 21 इंच बरसात हो चुकी है। अब तक 18 इंच बारिश होना चाहिए थी। बारिश का कोटा पूरा हो गया। फसलों की सिंचाई और पीने के लिए भी पानी का स्टॉक भी हो गया।मौसम विभाग के अनुसार ग्वालियर, चंबल, बघेलखंड और बुंदेलखंड में अच्छी बारिश की संभावना है। 2 अगस्त से नया सिस्टम बन रहा है। इससे इन इलाकों में भी अच्छी बारिश हो सकती है।
लेकिन, प्रदेश में बुंदेलखंड, बघेलखंड के हिस्से से मानसून रूठा है। प्रदेश में 11 जिलों को अब भी अच्छी बारिश का इंतजार है। झाबुआ, अलीराजपुर, दतिया, टीकमगढ़, निवाड़ी, सतना, रीवा, सीधी, सिंगरौली, कटनी और डिंडौरी में सबसे कम बारिश हुई है। यहां कोटे से 21% से लेकर 45% तक कम पानी गिरा है।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad

