झारखंड में हॉर्स ट्रेडिंग की आशंका, CBI-ED का उपयोग कर परिस्थितियां बनाई जा रही, दारू-मुर्गा पार्टी पर यह बोले विधायक

राजनीती

 रायपुर

झारखंड में उठे सियासी संकट को लेकर छत्तीसगढ़ की राजनीति गरमाई हुई है। भाजपा और कांग्रेस के नेताओं के बीच सियासी जंग जारी है। पूर्व सीएम डॉ. रमन सिंह और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल एक-दूसरे पर हमला भी बोल रहे हैं। झारखंड में राजनीतिक ऊहापोह की स्थिति है। हार्स ट्रेडिंग की आशंका के बीच झारखंड के यूपीए गठबंधन के 32 विधायक रायपुर लाए गए। विधायकों को नवा रायपुर के मेफेयर होटल में ठहराया गया है। कांग्रेस और झामुमो के विधायकों के साथ कांग्रेस संगठन के पदाधकारी भी शामिल हैं। यूपीए को महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश विधायकों की खरीद-फरोख्त की आशंका है।

झारखंड में कैबिनेट की बैठक के बाद रायपुर के मेफेयर रिसार्ट में ठहरे कांग्रेस व झमुमो विधायकों ने देर रात मीडिया से चर्चा की। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर, विधायक दीपिका पांडेय, विधायक भूषण बाड़ा, जेएमएम के विधायक सुदीव्य सोनू, स्टीफन मरांडी ने झारखंड में ओल्ड पेंशन स्कीम लागू करने पर खुशी जताई। मीडिया ने सवाल किया कि क्या मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को अपने विधायकों पर भरोसा नहीं है। क्या इसी वजह से विधायकों को झारखंड से रायपुर भेजा गया है। कांग्रेस विधायक दीपिका पांडेय ने कहा कि एक बार ठाकरे जी यानी महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से पूछ लीजिए। किस तरह से परिस्थतियां बनाई जाती हैं। किस तरह से ईडी-सीबीआई का इस्तेमाल करके देश में लोकतंत्र को खत्म किया जा रहा है।

होटल में हम अपने पैसों से रहने वाले विधायक  
भाजपा के दारू और मुर्गा पार्टी के आरोपों पर कहा विधायक दीपिका ने कहा कि यह सवाल असम में क्यों नहीं हुआ जब महाराष्ट्र के लोगों का तमाशा बनाया जा रहा था। झारखंड और महाराष्ट्र में होनी थी। हम लोग तो अपनी प्राइवेसी में अपने खर्चे पर रहने वाले विधायक हैं। हमें किसी से किसी तरह के पैसे खर्च कराने की जरूरत नहीं है। हम अपनी कूबत में यहां रहने वाले विधायक हैं। आखिर आज यह परिस्थिति ही क्यों आई। झारखंड में 50 से अधिक की संख्या में विधायक सरकार के साथ हैं। उसके बाद भी सरकार को अस्थिर करने की कोशिश हो रही है। वह बहुत शर्मनाक है। यह सवाल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित से होने चाहिए कि क्या मजबूरी हुई कि विधायकों को अपना काम छोड़कर यहां रहना पड़ रहा है।

चोरी का डर है इसलिए दरवाजा मजबूत करना पड़ा
विधायक दीपिका पांडेय ने कहा कि अगर घर में चोरी का डर है तो दरवाजा और ताला मजबूत करना पड़ता है। हम एक साथ रहकर राज्य सरकार का बहुमत बचाना चाहते हैं। यह हमारा भी अधिकार है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राजेश ठाकुर ने कहा कि यह सबको दिख रहा है कि देश में क्या हो रहा है। विधायक दीपिका ने कहा कि झारखंड कैबिनेट ने ऐसे फैसले लिए हैं कि वहां उल्लास का माहौल है। हम उनकी खुशियों में शामिल नहीं हो पा रहे हैं। हम उनकी तकलीफ में शामिल नहीं हो पा रहे हैं। विधायक सुदिव्य सोनू ने कहा कि झारखंड कैबिनेट ने पुरानी पेंशन नीति को लागू किया है। सहायक पुलिस कर्मियों की सेवा अवधि का विस्तार किया। विपक्ष के सभी आरोपों को हम नकारते हैं। झारखंड सरकार जनता के लिए हितकारी फैसले ले रही है।

BJP ने सीएम के इस्तीफा देने का अफवाह उड़ाया
पूर्व स्पीकर व वरिष्ठ विधायक स्टीफन मरांडी ने कहा कि भाजपा शुरू से ही विधायकों को तोड़ने की कोशिश में है। हम लोग नहीं टूटे। यहां भी हम लोग एकजुटता दिखाने ही आए हैं। भाजपा ने अब यह अफवाह उड़ा दिया है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस्तीफा देने जा रहे हैं। ऐसा कुछ नहीं है। सरकार को कोई खतरा नहीं है। सभी विधायक एकजुट हैं। विधायक स्टीफन ने कहा कि हम अपने बलबूते यहां रह रहे हैं। हम न छत्तीसगढ़ सरकार की खा रहे हैं न ही अपनी सरकार की। विधायकों की खरीद-फरोख्त पर कहा कि सीबीआई और आईटी का गलत इस्तेमाल करके क्या हासिल करना चाहते हैं।

 

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry