गुरुग्राम
बढ़ते पलूशन को देखते हुए गुरुग्राम जिला प्रशासन ने सरकारी और निजी संस्थानों से वर्क फ्रॉम होम को बढ़ावा देने का सुझाव दिया है। गुरुग्राम जिला प्रशासन ने तमाम प्राइवेट और एमएनसी संस्थानों से अपने कर्मचारियों को वर्क फ्रॉम होम कराने की अपील की है। सरकारी विभागों में भी 50 फीसदी कर्मचारियों को ही बुलाने का सुझाव दिया गया है। इस बीच कंपनियों की ओर से वर्क फ्रॉम होम की पहल शुरू भी की गई है।
जारी आधिकारिक बयान के मुताबिक, गुरुग्राम प्रशासन की ओर से सभी निजी और बहुराष्ट्रीय कंपनियों से गुजारिश की गई है कि वे अपने कर्मचारियों को कल 20 नवंबर से अगली सूचना तक वर्क फ्रॉम होम करने दें ताकि ग्रैप-4 के उपायों को लागू कराने में मदद मिल सके। बता दें कि गुरुग्राम में मंगलवार को शाम 5 बजे AQI 404 अंक रिकॉर्ड किया गया।
इस बीच मिलेनियम सिटी में मंगलवार को 575 कॉरपोरेट कंपनियों ने कर्मचारियों को घर से काम करने की सलाह दी है। इसके लिए कर्मचारियों को एडवाइजरी जारी की गई है। इन कंपनियों के दफ्तरों में एक लाख से अधिक कर्मचारी काम करते हैं। कंपनियों की ओर से यह भी कहा गया है कि कर्मचारी दफ्तर आकर काम करना चाहते हैं, तो एक गाड़ी में चार लोग सवार होकर आ सकते हैं। कर्मचारियों को मास्क पहनने के लिए जागरूक किया जा रहा है।
बता दें कि रविवार को दिल्ली-एनसीआर में ग्रैप-4 की पाबंदियां लागू की गईं थी। ये प्रतिबंध सोमवार को सुबह आठ बजे से प्रभावी हो गए थे। इन प्रतिबंधों में ट्रकों के प्रवेश पर रोक के साथ ही सार्वजनिक निर्माण परियोजनाओं पर भी अस्थाई रोक लगा दी गई थी। वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (सीएक्यूएम) ने ऑनलाइन कक्षाएं लगाने का सुझाव दिया था। सीएक्यूएम ने कहा था कि एनसीआर में कार्यालयों को 50 फीसदी की क्षमता पर काम करना चाहिए। बाकी कर्मचारियों से वर्क फ्रॉम होम कराने का सुझाव दिया गया था।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad

