रायपुर
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने 10 दिसंबर को छत्तीसगढ़ के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी अमर शहीद वीर नारायण सिंह के बलिदान दिवस पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि वीर नारायण सिंह छत्तीसगढ़ की गौरवशाली परंपरा के ऐसे महान जननायक थे, जिन्होंने मातृभूमि की रक्षा, अन्याय के प्रतिरोध और वंचित वर्गों की सेवा को अपने जीवन का ध्येय बनाया।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि सोनाखान के ज़मींदार परिवार में जन्म लेकर भी शहीद वीर नारायण सिंह का जीवन सदैव आदिवासियों, किसानों और गरीब परिवारों के संघर्षों से जुड़ा रहा। वर्ष 1856 के विकट अकाल में जब आमजन भूख से त्रस्त थे, तब उन्होंने मानवता को सर्वोपरि रखते हुए अनाज गोदाम का अनाज गरीबों में वितरित कर त्याग, करुणा और साहस की अनुपम मिसाल प्रस्तुत की।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शहीद वीर नारायण सिंह ने छत्तीसगढ़ की जनता में देशभक्ति, स्वाभिमान और एकता की लौ प्रज्वलित की। उनका संघर्ष केवल अंग्रेजी शासन के विरुद्ध नहीं था, बल्कि हर प्रकार के अन्याय, दमन और सामाजिक शोषण के खिलाफ था।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि शहीद वीर नारायण सिंह का बलिदान छत्तीसगढ़ की अस्मिता, वीरता और बलिदान की गौरवशाली परंपरा का प्रेरक अध्याय है। वे गरीबों, किसानों और वंचितों के सच्चे रक्षक थे और उनकी गाथा सदैव आने वाली पीढ़ियों को न्याय एवं मानवता के लिए खड़े होने की प्रेरणा देती रहेगी।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
