वीडियो कॉल से फंसाते, फिर करते वसूली – शिवपुरी से संचालित गैंग का भंडाफोड़

फर्श से अर्श तक

 शिवपुरी

शिवपुरी के करैरा और पिछोर के गांवों में बैठे अनपढ़ व सामान्य पढ़े लिखे लोग देश भर में ऑनलाइन चैटिंग और वीडियो कॉलिंग कर लोगों की अश्लील वीडियो बनाकर ब्लैकमेलिंग कर रहे थे। भोपाल से मिले इनपुट के बाद पुलिस ने 32 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर 20 आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनमें एक महिला शामिल है, एक आरोपित उत्तर प्रदेश के झांसी का है। गिरोह शिवपुरी के अलावा राजस्थान, महाराष्ट्र, गुजरात, कर्नाटक सहित कई राज्यों के लोगों के साथ ठगी की वारदात को अंजाम दे चुका है।
पुलिस ने कुल 80 बैंक खाते ट्रेस किए

पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपितों में दीपक प्रजापति पुत्र सियाराम निवासी झांसी, अंगद लोधी पुत्र पेज सिंह लोधी निवासी कुंडलपुर, सुखदेव पुत्र नंदकिशोर लोधी उम्र 30 साल निवासी ग्राम तिंधारी गिरोह के सरगना और हैंडलर हैं। शेष सभी आरोपित दलाल हैं। ब्लैकमेलिंग का पैसा दलालों के खाते में आता था और इसके बाद उस पैसे में से 80 से 90 प्रतिशत पैसा हैंडलर के खातों में चला जाता था।

साइबर पुलिस की टीम ने कुल 80 बैंक खाते ट्रेस किए हैं, जिनमें संदिग्ध लेनदेन हुआ है। पुलिस अधीक्षक अमन सिंह राठौड़ के अनुसार पुलिस अभी तक आधे खातों की पड़ताल कर चुकी है, जिनमें करीब दो से ढाई करोड़ रुपये का लेनदेन बताया जा रहा है।
ऐसे करता था ब्लैकमेल व डिजिटल अरेस्ट

महिलाओं के नाम से फर्जी वाट्सएप अकाउंट बनाकर अश्लील चैट और वीडियो कॉल गिरोह कराता था। कॉल और चैट की रिकॉर्डिंग कर बाद में पुलिस अधिकारी बनकर पीड़ितों को ब्लैकमेल करता था। डिजिटल अरेस्ट का डर दिखाकर पैसे ट्रांसफर करवा लेता था। गिरोह द्वारा HIIU, TOKKI, MIKA, ELOELO, GAGA, HANI, SUGO, COMMECTO, HITSU, HONEY और COMET जैसे एप का उपयोग किया जा रहा था। ये एप एपीके फाइल के जरिए मोबाइल में आसानी से डाउनलोड हो जाते हैं। आमतौर पर ऑनलाइन चैटिंग की तलाश करने वाले लोग इन्हें सर्च कर इंस्टाल कर लेते हैं, जिसका फायदा आरोपित उठाते थे।

 

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry