चंडीगढ़.
राष्ट्रीय राजमार्गों पर बुधवार से निजी वाहनों में यात्रा करना महंगा होगा। मंगलवार की रात 12 बजते ही टोल की नई दरें लागू हो जाएंगी। टोल में औसतन पांच प्रतिशत तक की बढ़ोतरी की गई है। विशेषकर दिल्ली-गुरुग्राम, कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेस-वे सहित प्रमुख हाईवे पर आने-जाने वालों का मासिक खर्च बढ़ेगा।
राज्य में कुल 75 टोल प्लाजा हैं, जिन पर भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) की ओर से टोल लिया जाता है। नई दरों के तहत अलग-अलग श्रेणियों के वाहनों के लिए टोल शुल्क में बढ़ोतरी लागू होगी। यह बढ़ोतरी थोक मूल्य सूचकांक के आधार पर तय की जाती है। नकद भुगतान पर पूरी तरह रोक रहेगी और केवल फास्ट टैग या डिजिटल भुगतान ही मान्य होगा। सबसे व्यस्त रहने वाले दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेस-वे (एनएच-48) पर खेड़की दौला टोल प्लाजा पर 5 से 15 रुपये तक बढ़ाए गए हैं। यहां पिछले साल नवंबर में भी टोल दरों में 15 रुपये तक की बढ़ोतरी की गई थी।
हिसार-चंडीगढ़ नेशनल हाईवे-152 पर थाना टोल प्लाजा पर हर श्रेणी में 5 से 10 रुपये रेट बढ़ेगा। पहले कार/जीप/वैन के लगभग 85 से 95 (प्रति टोल प्लाजा, औसत) थे। अब नई दरों के अनुसार अब यह दरें 90 से 105 रुपये होंगी। प्रति यात्रा 5 से 10 रुपये तक बढ़ोतरी हुई है। हल्के वाणिज्यिक वाहनो को पहले 140 से 160 रुपये देने पड़ते थे। अब 150 से 175 रुपये देने होंगे। बस/ट्रक (2-एक्सल) वाहनों को पहले 290 से 320 रुपये तक देने पड़ते थे जो अब एक अप्रैल से 310 से 350 रुपये तक होंगे। इस श्रेणी के वाहनों की टोल दरों में 20 से 30 तक बढ़ोतरी की गई है। भारी वाहन (मल्टी-एक्सल) श्रेणी के लिए पहले 450 से 500 रुपये थे।
नई दरें 480 से 540 रुपये तक होंगी। हालांकि यह दरें अलग-अलग टोल प्लाजा पर दूरी और प्रोजेक्ट के हिसाब से थोड़ी भिन्न हो सकती हैं। फस्ट टैग की वार्षिक पास की फीस भी 3000 रुपये से बढ़कर 3075 रुपये हो जाएगी। अब नकद भुगतान पर पूरी तरह रोक रहेगी और केवल फास्ट टैग या डिजिटल भुगतान ही मान्य होगा।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
