बिहार की सियासत में नया दौर, विधानसभा से गायब रहे पुराने बड़े चेहरे

राज्य

 पटना
 बिहार विधानसभा का पांच दिवसीय मानसून सत्र इस बार सिर्फ विधायी कामकाज के लिए ही नहीं, बल्कि बदलते राजनीतिक परिदृश्य के कारण भी खास माना जा रहा है।

करीब दो दशकों तक बिहार की सत्ता और विधानसभा की राजनीति के केंद्र में रहे पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार इस बार सदन में नजर नहीं आए।

सम्राट चौधरी सीएम की कुर्सी पर आसीन हुए तो स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने पहली बार मंत्री के रूप में सदन की कार्यवाही में हिस्सा लेकर राजनीतिक रूप से एक नई शुरुआत की।

इतना ही नहीं, विपक्ष की ओर से भी नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की अनुपस्थिति ने सियासी हलकों में चर्चा छेड़ दी। ऐसे में पहली बार ऐसा माहौल बना है, जब सत्ता और विपक्ष, दोनों के प्रमुख चेहरे विधानसभा के पहले दिन मौजूद नहीं रहे।

बजट सत्र तक क‍िया सरकार का नेतृत्‍व
पिछले बजट सत्र तक मुख्यमंत्री के रूप में विधानसभा की कार्यवाही का नेतृत्व करने वाले नीतीश कुमार इस बार सदन से बाहर रहे।

करीब 21 वर्षों में यह पहला अवसर है, जब बिहार विधानमंडल के किसी भी सदन में उनकी प्रत्यक्ष मौजूदगी नहीं रही। इस बीच सोमवार शाम दिल्ली रवाना होंगे, जहां पहली बार राज्यसभा की कार्यवाही में भाग लेंगे।  

यह मानसून सत्र मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार का पहला सत्र भी है। सदन में केवल सीएम का चेहरा बदला है। नीतीश कुमार के साथ बैठने वाले दोनों मंत्री ड‍िप्‍टी सीएम के रूप में मौजूद रहे।

पहली बार सदन में दिखे निशांत कुमार
इस सत्र की एक और खास बात यह रही कि स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार पहली बार मंत्री के रूप में विधानसभा पहुंचे। जन्मदिन के दिन ही उन्होंने सदन की कार्यवाही में हिस्सा लिया।

सदन में अपने संबोधन में उन्‍होंने कहा कि सभी को एक टीम की तरह काम करना चाहिए ताक‍ि लोकतांत्र‍िक परंपराएं और मजबूत हों।  

पहली बार निर्वाचित होकर आए विधायकों से उन्‍होंने कहा कि सदन में प्रवेश से पहले इसकी समृद्ध विरासत, गौरव और गरिमा को याद रखें।

उन्‍होंने कहा कि न्‍याय के साथ विकास के जिस संकल्‍प के साथ उनके पिताजी नीतीश कुमार की सरकार ने 20 वर्षों तक काम किया, उसे सम्राट चौधरी निष्‍ठा और मजबूती के साथ आगे बढ़ा रहे हैं।

विपक्ष भी दिखा अधूरा
सिर्फ सत्ता पक्ष ही नहीं, विपक्ष भी पहले दिन पूरी ताकत के साथ नजर नहीं आया। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव विदेश दौरे पर होने के कारण सत्र में शामिल नहीं हुए।

बताया जाता है कि विपक्ष की रणनीत‍ि फिलहाल मुख्‍य सचेतक कुमार सर्वजीत तय करेंगे। यह स्‍पष्‍ट नहीं हुआ है कि तेजस्‍वी सत्र में शा‍मिल होंगे या नहीं।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry