Datia By-Election: चुनावी माहौल में 14 वरिष्ठ अधिकारियों पर गिरी गाज, प्रशासनिक बदलाव से बढ़ी सियासी चर्चा

मध्य प्रदेश राज्य

भोपाल 

 दतिया में विधानसभा उपचुनाव के बीच पुलिस व्यवस्था में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल किया गया है। दतिया जिले में यह बदलाव पुलिस मुख्यालय ने किया है। यहां के कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को इधर से उधर किया गया है। पुलिस मुख्यालय ने भारत निर्वाचन आयोग की स्वीकृति के बाद यह कदम उठाया। सभी अधिकारियों को आगामी आदेश तक नई पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं। मध्यप्रदेश निर्वाचन आयोग और दतिया कलेक्टर स्वप्निल वानखड़े ने बिना किसी भय,प्रलोभन या भ्रम के अपने मताधिकार का प्रयोग करने को कहा है। इसके लिए माइक्रो ऑब्जर्वरों को प्रशिक्षित किया गया है।

पुलिस महकमे में तबादले, चार थाना प्रभारियों को किया इधर से उधर
पुलिस मुख्यालय द्वारा जारी आदेश के अनुसार दतिया जिले में पदस्थ चार थाना प्रभारियों सहित कुल 14 निरीक्षक एवं उप निरीक्षकों के तत्काल प्रभाव से तबादले किए गए हैं। थाना प्रभारी अजाक निरीक्षक कहरी परिहार को पुलिस मुख्यालय भोपाल भेजा गया है। उनकी जगह भोपाल से निरीक्षक मेलीराम उडके को थाना प्रभारी अजाक बनाया गया है।

इसी प्रकार सिविल लाइन थाना में पदस्थ उप निरीक्षक अमित ओसारे को पुलिस मुख्यालय भेजा गया है, जबकि अशोकनगर से उप निरीक्षक भोजराज भगत को सिविल लाइन दतिया में पदस्थ किया गया है। थाना प्रभारी जिगना उप निरीक्षक रचना माहौर तथा थाना प्रभारी धीरपुरा उप निरीक्षक भूपेंद्र सिंह जाट को भी पुलिस मुख्यालय भोपाल स्थानांतरित किया गया है। इनके स्थान पर क्रमश: ग्वालियर से उप निरीक्षक राजीव विरथरे को जिगना और अशोकनगर से उप निरीक्षक भुवनेश शर्मा को धीरपुरा थाना प्रभारी बनाया गया है।

ये थाना प्रभारी भी बदले
थाना बड़ौनी से उप निरीक्षक नीरज कुमार एवं हरिओम शर्मा तथा थाना गोराघाट से उप निरीक्षक अर्चना पाल को पुलिस मुख्यालय भोपाल भेजा गया है। इनके स्थान पर मुरैना से उप निरीक्षक कोशलेन्द्र सिंह गुर्जर और ग्वालियर से उप निरीक्षक हरिकेश बघेल को बड़ौनी तथा ग्वालियर से उप निरीक्षक बलराम मांझी को गोराघाट में पदस्थ किया गया है। पुलिस मुख्यालय ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल नई पदस्थापना पर कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए हैं।

माइक्रो ऑब्जर्वरों को स्वतंत्र, निष्पक्ष मतदान के लिए प्रशिक्षित किया
दतिया विधानसभा उपनिर्वाचन के लिए रविवार को शासकीय पॉलीटेक्निक कॉलेज में माइक्रो ऑब्जर्वरों का प्रशिक्षण आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अक्षय कुमार तेम्रवाल, जिला शिक्षा अधिकारी तथा मास्टर ट्रेनर्स भी उपस्थित रहे। उन्होंने कहा कि माइक्रो ऑब्जर्वरों की भूमिका निर्वाचन प्रक्रिया की पारदर्शिता बनाए रखने में अत्यंत महत्वपूर्ण होती है।

प्रशिक्षण निर्वाचन प्रेक्षक विजय भारती की उपस्थिति में संपन्न हुआ, जिसमें मतदान प्रक्रिया से जुड़े दायित्वों और निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों की जानकारी दी गई। प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों ने माइक्रो ऑब्जर्वरों को मतदान केंद्रों पर पूरी निष्पक्षता और पारदर्शिता के साथ कार्य करने, निर्वाचन आयोग के निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने तथा मतदान से जुड़ी प्रत्येक गतिविधि पर सतर्क निगरानी रखने के निर्देश दिए। प्रशिक्षण का उद्देश्य माइक्रो ऑब्जर्वरों को उनके दायित्वों और जिम्मेदारियों से भली- भांति अवगत कराना था, ताकि 30 जुलाई को होने वाला मतदान स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराया जा सके।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry