नन्हे कांवड़ियों ने पेश की भक्ति और देशसेवा की मिसाल, तीन पीढ़ियां साथ चलीं

राज्य

झज्जर
 सावन के पवित्र माह में जहां चारों ओर बम-बम भोले के जयकारे गूंज रहे हैं, वहीं दिल्ली गेट झज्जर का एक परिवार सनातन परंपरा, संस्कारों और राष्ट्रभक्ति की एक अनोखी मिसाल पेश कर रहा है।

रामपुरा जौंधी स्थित कांवड़ सेवा शिविर में उस समय वातावरण और अधिक भावुक व भक्तिमय हो उठा, जब एक ही परिवार की तीन पीढ़ियां—दादी, बेटे और नन्हें पोते एक साथ कांवड़ लेकर पहुंचे।

यह शिवभक्त परिवार गत 1 अगस्त को पवित्र नगरी हरिद्वार से 'गोद कांवड़' उठाकर अपने गंतव्य की ओर रवाना हुआ था। कड़े नियमों और भक्तिभाव के साथ यात्रा करते हुए यह दल सोमवार को रामपुरा जौंधी कांवड़ शिविर में पहुंचा। शिविर में श्रद्धालुओं और सेवादारों ने इस अनूठे कांवड़िए दल का जोरदार स्वागत किया।

चार मासूमों के सिर पर शिव भक्ति और संस्कारों का रंग
कांवड़ यात्रा में परिवार के चार बच्चे मुख्य आकर्षण और प्रेरणा का केंद्र बने हुए हैं। इनमें 12 वर्षीय पीयूष सनसानवाल, धर्मेंद्र के बेटे वासु, तथा उनके दो भतीजे कुंज और प्रियांशु शामिल हैं। इतनी कम उम्र में लंबी पैदल यात्रा के बावजूद इन बच्चों के चेहरे पर थकान की जगह केवल महादेव की भक्ति और असीम उत्साह दिखाई दे रहा है।

दादी और बड़ी ताई का मार्गदर्शन, संस्कारों की अमिट छाप
परिवार की बुजुर्ग दादी राजबाला और बड़ी ताई संतोष का कहना है कि बच्चों को बचपन से ही धर्म, संस्कृति और सनातन मूल्यों से जोड़ना आवश्यक है। दादी, बेटे और पोते का एक साथ कदम से कदम मिलाकर चलना इस बात का जीवंत प्रमाण है कि संस्कार केवल बातों से नहीं, बल्कि आचरण से दिए जाते हैं।

शिविर में बच्चों से बात करने पर उनका जज्बा देखते ही बनता है। इन नन्हें कांवड़ियों की इच्छा है कि वे बड़े होकर उच्च पदों पर आसीन अधिकारी बनें और निष्ठापूर्वक देश की सेवा करें। भोलेनाथ के चरणों में जल अर्पित करने से पहले बच्चों ने अपने लिए उज्ज्वल भविष्य और देश सेवा का आशीर्वाद मांगा।

शिविर संयोजक केशव सिंघल और सुरेंद्र ठेकेदार ने जानकारी देते हुए बताया कि तीन पीढ़ियों का यह अनूठा समन्वय और बच्चों में देश सेवा का संकल्प समाज के लिए प्रेरणादायी है। यह यात्रा यह सिद्ध करती है कि हमारी सांस्कृतिक जड़ें और भक्ति भावना आज भी भावी पीढ़ी में पूरी मजबूती के साथ जीवित हैं।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry