चंडीगढ़
पंजाब में भर्ती प्रक्रियाओं को लेकर भगवंत मान सरकार की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं. पेपर लीक और भर्ती में अनियमितताओं के आरोपों के बीच पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने दो दिनों के भीतर दूसरी भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगा दी है. अदालत ने पंजाब स्टेट रूरल लाइवलीहुड्स मिशन (PSRLM) के तहत होने वाली 85 पदों की भर्ती प्रक्रिया को अगली सुनवाई तक स्थगित कर दिया है।
हाईकोर्ट ने 41 ब्लॉक प्रोग्राम मैनेजर और 44 क्लस्टर कोऑर्डिनेटर पदों पर चल रही भर्ती प्रक्रिया पर 2 सितंबर तक रोक लगाने का आदेश दिया. इससे पहले अदालत फार्मासिस्ट ऑफिसर भर्ती प्रक्रिया पर भी रोक लगा चुकी है. ऐसे में लगातार दूसरी भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगने से सरकार की चयन प्रक्रिया सवालों के घेरे में आ गई है।
यह भर्ती प्रक्रिया जनवरी 2026 में शुरू हुई थी और फरवरी में इसके परिणाम घोषित कर दिए गए थे. चयन प्रक्रिया में लिखित परीक्षा के लिए 70 अंक निर्धारित किए गए थे, जबकि 10-10 अंक इंटरव्यू, शैक्षणिक योग्यता और अनुभव के लिए तय किए गए थे।
याचिकाकर्ताओं ने अदालत में दलील दी कि परिणाम जारी करते समय केवल कुल अंक बताए गए, लेकिन लिखित परीक्षा के अलावा इंटरव्यू, योग्यता और अनुभव के लिए दिए गए 30 अंकों का कोई स्पष्ट विवरण नहीं दिया गया. इससे चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए हाईकोर्ट ने भर्ती से जुड़े सभी रिकॉर्ड तलब किए और जांच के लिए वकीलों तथा ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों की एक समिति का गठन किया. समिति ने रिकॉर्ड की जांच के दौरान अंक आवंटन में अनियमितताएं पाईं।
समिति की रिपोर्ट के आधार पर हाईकोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया पर अगली सुनवाई तक रोक लगाने का फैसला सुनाया. अब इस मामले की अगली सुनवाई 2 सितंबर को होगी. लगातार दो भर्ती प्रक्रियाओं पर अदालत की रोक के बाद पंजाब सरकार की भर्ती प्रणाली को लेकर विपक्ष भी हमलावर हो सकता है।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
