लखनऊ
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में करीब 15 दिनों से हो रही लगातार बारिश ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं. लगातार बारिश के चलते जिले में अब तक 67 मकान तबाह हो चुके हैं, जबकि बारिश से जुड़ी घटनाओं में तीन लोगों की जान गई है. सबसे ज्यादा नुकसान खागा तहसील में हुआ है, जहां 50 मकान तहस-नहस हो गए हैं।
ये परेशानी सिर्फ ग्रामीण इलाकों तक सीमित नहीं है. फतेहपुर शहर के कई हिस्सों में जलभराव से लोगों के जीवन की रफ्तार थम गई है. सड़कें और गलियां पानी से लबालब हैं और लोगों को आने-जाने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रशासन के आंकड़ों के मुताबिक, जहां खागा में 50 मकान बर्बाद हुए हैं, तो कहीं बिंदकी में 15 और सदर तहसील में 2 मकान क्षतिग्रस्त हुए हैं. इतना ही नहीं, बारिश के कारण जिले में अब तक तीन लोगों की मौत भी हो चुकी है. इनमें से एक मृतक बिंदकी और 2 सदर के बताए जा रहे हैं।
दो मृतकों के परिजनों को नियम के तहत मुआवजा दिया जा चुका है. वहीं सदर तहसील में हाल में हुई जनहानि के मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जरूरी दस्तावेज मिलने के बाद मुआवजे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
30 लाभार्थियों की फाइल पहुंची, 11 को मिल चुका मुआवजा
फिलहाल प्रशासन बारिश से हुए नुकसान का आकलन कर रही है. प्रभावित परिवारों को राहत देने के साथ क्षतिग्रस्त मकानों के लिए मुआवजे देने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ाई जा रही है. बता दें कि प्रशासन को अब तक ऐसे 30 मामलों की फाइलें मिल चुकी हैं. वहीं 26 मामलों में लाभार्थियों से जुड़े दस्तावेज और फाइलें आना बाकी हैं. राहत की बात ये है कि अब तक 11 परिवारों को मुआवजा दिया जा चुका है।
शहर में जलभराव, पंप से निकाला जा रहा पानी
लगातार बारिश से फतेहपुर शहर के कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है. सड़कें और गलियां पानी से भर गई हैं, जिससे लोगों को आवाजाही में खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. इसके साथ ही जलभराव से निजात दिलाने के लिए प्रशासन और नगर पालिका की टीमें लगातार काम कर रही हैं।
शहर के अलग-अलग हिस्सों में पंप लगाए गए हैं और पानी की निकासी का काम जारी है. फिलहाल प्रशासन की कोशिश यही है कि जलभराव वाले इलाकों से जल्द से जल्द पानी निकाला जाए और लोगों को राहत मिल सके।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
