भाद्रपद शुक्ल चतुर्थी यानी 14 सितंबर 2026 (सोमवार) को देशभर में गणेश चतुर्थी का पावन पर्व बड़े ही धूमधाम से मनाया जाएगा. ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, विघ्नहर्ता भगवान श्री गणेश बुद्धि, ऋद्धि-सिद्धि और शुभता के दाता हैं. गणेश चतुर्थी पर बप्पा के आगमन के साथ ही ग्रहों की विशेष स्थितियों और शुभ योगों के प्रभाव से कई राशियों के लिए यह समय अत्यंत भाग्यशाली रहने वाला है. गणेश चतुर्थी से इन मुख्य राशियों को सबसे अधिक लाभ और भाग्य का साथ मिलने की संभावना है.
मेष राशि
करियर व व्यापार: भगवान गणेश की कृपा से अटके हुए काम गति पकड़ेंगे. कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां और पदोन्नति के योग बन रहे हैं.
धन लाभ: अचानक धन लाभ हो सकता है और नए बिजनेस प्रोजेक्ट में सफलता मिलेगी.
मिथुन राशि
बुद्धि और वाणी का लाभ: मिथुन राशि के स्वामी स्वयं बुध देव हैं, जो गणेश जी से विशेष रूप से संबंधित हैं. आपकी निर्णय लेने की क्षमता में सुधार होगा.
आर्थिक पक्ष: आय के नए स्रोत बनेंगे. निवेश या पैतृक संपत्ति से बड़ा मुनाफा हो सकता है.
कन्या राशि
शुभ योगों का प्रभाव: गणेश चतुर्थी के दौरान बुध की अपनी उच्च राशि में मौजूदगी से आपको जबरदस्त लाभ मिलेगा.
मान-सम्मान: समाज और कार्यस्थल पर आपकी प्रतिभा की सराहना होगी. प्रतियोगिता परीक्षा या नौकरी की तैयारी कर रहे जातकों को खुशखबरी मिल सकती है.
तुला राशि
सुख-साधनों में वृद्धि: घर-परिवार में मांगलिक कार्यों का आयोजन हो सकता है. नया वाहन या प्रॉपर्टी खरीदने के योग बन रहे हैं.
व्यापारिक डील: बिजनेस में कोई बड़ी पार्टनरशिप फाइनल हो सकती है, जिससे भविष्य में बड़ा फायदा होगा.
मकर राशि
बाधाओं से मुक्ति: लंबे समय से चली आ रही आर्थिक या मानसिक परेशानियां गणेश जी की कृपा से समाप्त होंगी.
भाग्य का सहयोग: नौकरीपेशा लोगों के लिए यह समय वेतन वृद्धि और नए अवसरों से भरा रहेगा.
गणेश चतुर्थी पर बप्पा की कृपा पाने के विशेष उपाय
– गणेश चतुर्थी के दिन भगवान श्री गणेश को 21 दूर्वा (दूब घास) और मोदक या बेसन के लड्डू का भोग अवश्य लगाएं.
– पूजन के समय ऊं गं गणपतये नमः मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करें.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad
