मेडिकल विश्वविद्यालय के अधिकारियों पर पेपर लीक करने के आरोप

Spread the love

जबलपुर
 मध्य प्रदेश आयुर्विज्ञान चिकित्सा विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक व दो सहायक कुलसचिवों पर प्रश्नपत्र लीक करने के आरोप लगाए गए हैं। मप्र स्टूडेंट यूनियन के पदाधिकारियों ने पत्रकार वार्ता में आरोप लगाते हुए कहा कि विश्वविद्यालय द्वारा कार्रवाई करने की जगह जिम्मेदार तीनों अधिकारियों को अभयदान दे दिया गया। यूनियन के अभिषेक पांडे, अमन तिवारी और शिवांशु कनौजिया ने कहा कि 10 जून 2022 को बीएएमएस की एनाटामी विषय की परीक्षा का आयोजन किया गया था। चिकित्सा विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक डा. सचिन कुचया, सहायक कुलसचिव डा. पंकज बुधोलिया और डा. निधि द्वारा प्रश्नपत्र लीक कर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया गया। हैरानी की बात यह है कि सारे सबूत मिलने के बाद भी आरोपित अधिकारियों पर कार्रवाई नहीं की जा रही है।

एमपी स्टूडेंट यूनियन ने पत्रकार वार्ता में बी.ए.एम.एस की एनाटॉमी की परीक्षा को लेकर सवाल खड़े किए। उन्होंने बताया कि 10 जून 2022 को जो पेपर 11:00 बजे से शुरू होना था, उसे जानबूझकर 11:20 पर प्रारंभ किया गया। इतना ही नहीं परीक्षा शुरू होने के पहले ही तकरीबन 10:30 बजे डॉ निधि श्रीवास्तव स्ट्रांग रूम से गायब हो गई, जबकि नियमानुसार पेपर प्रारंभ होने के आधे घंटे तक उनका रुकना अनिवार्य होता है। ऐसे में समझा जा सकता है कि उनके द्वारा ही पेपर आउट किया गया है।

एमपी स्टूडेंट यूनियन के अध्यक्ष अभिषेक पांडे ने बताया कि बी.ए.एम.एस के एनाटॉमी विषय के पेपर को आउट कराने के लिए 11:00 के स्थान पर पेपर 11:20 पर शुरू करवाया गया। इतना ही नहीं रतलाम के एक निजी महाविद्यालय के परीक्षार्थियों को फायदा पहुंचाने के लिए वहां पर दोपहर 1:30 बजे एनाटॉमी का प्रश्नपत्र प्रारंभ करवाया गया। इस प्रकार से जो प्रश्न पत्र 11:20 पर शुरू होना था, वह रतलाम में 1:30 पर शुरू हुआ। परीक्षार्थियों के पास यह पेपर पहले ही स्पष्ट रूप से उपलब्ध हो चुका था। एमपी स्टूडेंट यूनियन के अभिषेक पांडे ने इस परीक्षा को लेकर खुलासा किया है कि इसमें ना सिर्फ कई तरह की गंभीर अनियमितताएं हैं बल्कि छुट्टी में होने के बावजूद भी कर्मचारी स्ट्रांग रूम में पेपर मॉडरेटर और परीक्षा केंद्र ऑब्जर्वर का काम करता है। 10 जून 2022 को डॉ निधि श्रीवास्तव अवकाश पर थी इसके बाद भी उन्होंने छुट्टी के दिन यूनिवर्सिटी आकर पेपर मॉडरेटर और परीक्षा के 9:00 बजे का कार्य किया जो कि गलत है।

Related Articles

Back to top button