राष्ट्रपति पुतिन के खिलाफ महिलाओं ने खोला मोर्चा, युवा छोड़ रहे देश

दुनिया

नईदिल्ली
 यूक्रेन से जंग के बीच रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अपने ही देश में अपने ही लोगों के बीच घिरने लगे हैं। रूसी महिलाओं (पत्नियों और माताओं) के एक समूह ने राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से आह्वान किया है कि वे उनके पतियों और बेटों को बिना उचित और पर्याप्त प्रशिक्षण के हमलावर समूहों में शामिल होने के लिए मजबूर कर "वध के लिए" न भेजें।

CNN की एक रिपोर्ट के मुताबिक, स्वतंत्र रूसी टेलीग्राम चैनल SOTA द्वारा साझा किए गए एक वीडियो में, महिलाओं ने कहा कि सितंबर में उनकी लामबंदी के बाद से सिर्फ चार दिनों के प्रशिक्षण के बावजूद उनके प्रियजनों को मार्च की शुरुआत में "हमला समूहों में शामिल होने के लिए मजबूर" किया गया था।

वीडियो में महिलाओं के हाथों में रूसी भाषा में लिखी हुई एक तख्ती पकड़े हुए दिखाया गया है, जिस पर लिखा है, "580 सेपरेट हॉवित्जर आर्टिलरी डिवीजन," दिनांक 11 मार्च, 2023"

वीडियो क्लिप में एक महिला कहती दिख रही हैं, "मेरे पति… दुश्मन के सामने उस लाइन पर खड़े हैं, जहां कभी भी जान जा सकती है।" महिला ने आगे कहा, "हमारे पुरुषों को वध करने के लिए सीमा पर मेमनों की तरह भेजा जा रहा है। भारी हथियारों से लैस 100 दुश्मन पुरुषों के खिलाफ एक समय में सिर्फ पांच रूसी जवान भेजे जा रहे हैं। यह तो कसाईखाने में भेजने जैसा है।"

बता दें कि यूक्रेन के युद्धक्षेत्रों में लड़ने के लिए हजारों रूसी जवानों को भेजने के रूस के कदम ने देशभर में असंतोष और विरोध की लहर पैदा कर दी है। रूस के इस कदम की वजह से कई रूसियों – विशेष रूप से युवा पुरुष – देश से भागने के लिए मजबूर हुए हैं।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry