उज्जैन
चैत्र मास की भूतड़ी अमावस्या इस बार 8 अप्रैल सोमवार को सोमवती के संयोग में आ रही है। भूतड़ी अमावस्या पर केडी पैलेस स्थित बावन कुंड में स्नान का विशेष महत्व है। मान्यता है इस दिन बावन कुंड में स्नान करने से प्रेतबाधा से मुक्ति मिलती है। सोमवती के संयोग में आने से शिप्रा व सोमकुंड में सोमवती अमावस्या का पर्व स्नान भी होगा।
वर्तमान में सोमकुंड व बावनकुंड की स्थिति खराब है। महापर्व में 25 दिन का समय शेष है। प्रशासन को समय रहते यहां संधारण,साफ सफाई व श्रद्धालुओं की सुविधा के इंतजाम जुटाना होंगे। बड़नगर रोड पर कालिदास उद्यान के समीप सोमतीर्थ स्थित है। परिसर में सोमेश्वर महादेव का प्राचीन मंदिर तथा सोमकुंड है। मान्यता है सोमवती अमावस्या पर सोमकुंड में स्नान तथा श्री सोमेश्वर महादेव के दर्शन पूजन करने से मनुष्य को अश्वमेध यज्ञ का फल प्राप्त होता है तथा जन्म पत्रिका के मौजूद चंद्रमा के दोष समाप्त हो जाते हैं।
इसी धार्मिक व ज्योतिष मान्यता के चलते सोमवती अमावस्या पर देशभर से हजारों श्रद्धालु यहां स्नान व दर्शन करने आते हैं। कुछ समय पहले शासन-प्रशासन ने सोमकुंड के घाटों का निर्माण कराया था। सुरक्षा की दृष्टि से कुंड के आसपास जालियां भी लगाई गई थी। लेकिन कुंड की वर्तमान स्थिति खराब है। गर्मी की शुरुआत में ही कुंड का पानी सूख गया है। कुंड के आसपास लगाई गई जालियां भी क्षतिग्रस्त हो गई हैं। साफ सफाई का भी अभाव है।
बावन कुंड पर कचरे व गंदगी का अंबार
केडी पैलेस के समीप शिप्रा नदी पर बने बावन कुंड की हालत भी खस्ता है। कचरे व गंदगी के कारण कुंड में स्नान करना मुश्किल है। भूतड़ी अमावस्या पर देशभर से हजारों श्रद्धालु बाहरी बाधा से पीड़ित अपने स्वजन को यहां स्नान के लिए लेकर आएंगे। ऐसे में बावन कुंडों की साफ-सफाई व शिप्रा में स्नान के लिए स्वच्छ जल के प्रवाह की नितांत आवश्यकता है। प्रशासन को श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए इंतजाम करना होंगे।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad

