भोपाल
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पशुपालन विभाग के अफसरों के साथ बैठक करते हुए निर्देश दिए हैं कि कृषि के साथ-साथ एमपी सरकार अब पशुपालन को भी बढ़ावा देगी. बैठक में मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि गौवंश के सम्मान और सुरक्षा के लिए सभी उपाय किए जाएं.
उन्होंने कहा कि राजमार्गों पर बैठने वाले गौवंश और अन्य मवेशियों के लिए हाइड्रोलिक वाहन व्यवस्था की जाए. बारिश के दौरान निराश्रित गौवंश की समस्या के निराकरण एवं किसानों द्वारा खुले में छोड़े गए गौवंश से सड़क दुर्घटनाओं के साथ-साथ राजमार्गों पर गौवंश की उपस्थिति से यातायात से जुड़ी समस्याएं भी उत्पन्न होती हैं.
कई जिलों में हाइड्रोलिक कैटल लिफ्टिंग व्हीकल की व्यवस्था
बैठक के दौरान पशुपालन एवं डेयरी विभाग की ओर से जानकारी दी गई कि प्रदेश में प्रथम चरण में रायसेन, विदिशा, सीहोर, देवास, राजगढ़ आदि जिलों का चयन कर हाइड्रोलिक कैटल लिफ्टिंग व्हीकल को टोल व्यवस्था के साथ जोड़कर इस समस्या के समाधान का कदम उठाया गया है. इसके लिए आवश्यक वाहन व्यवस्था की गई है.
यह वाहन गौवंश को निकट की गौशाला में टोल नाका संचालक एवं अन्य निकाय की मदद से ले जाएंगे. जल्द ही अन्य जिलों के लिए भी इस योजना का विस्तार होगा. मुख्यमंत्री ने कहा कि मुनादी द्वारा पशुपालकों और किसानों को अपने मवेशी सड़क पर न छोड़ने की सलाह दी जाए.
दुग्ध उत्पादन को लेकर भी दिए निर्देश
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने प्रदेश में दूध की खरीद सुनिश्चित करने, किसानों और पशुपालकों को दूध का उचित मूल्य दिलवाने, दुग्ध संघों को सहयोग, जिलों में दुग्ध प्र-संस्करण संयंत्र लगाने, सहकारी दुग्ध समितियों को प्रोत्साहन, राज्य में बच्चों के बेहतर पोषण के लिए दुग्ध प्रदाय जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विभागीय प्रयासों पर भी आवश्यक निर्देश दिए.
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad

