वाहन चैकिंग के नाम पर कोटाडोल पुलिस कर रहे अपनी जेबें गरम

छत्तीसगढ़ रायपुर

वाहन चैकिंग के नाम पर कोटाडोल पुलिस कर रहे अपनी जेबें गरम

"जांच के नाम पर लिया जा रहा खर्चा पानी, व्यापारियों को हो रही सबसे ज्यादा परेशानी"

मनेन्द्रगढ़/एमसीबी

यातायात विभाग सुविधाएं तो लोगों को ढंग से दे नहीं पा रही है, लेकिन कानून की आड़ में पुलिस की मनमानी चेकिंग और नियमों के नाम पर आमजन से लूट हैं जारी।
कोटाडोल ग्राम में वाहन चेकिंग के नाम पर लोगों से मनमाने तरीके से वसूली भी की जा रही है। कभी गाड़ी के कागजात तो कभी हेलमेट न पहनने की वजह से वाहन जब्ती की कार्रवाई का डर दिखाकर जमकर अवैध वसूली हो रही है। पैसे मिलने के बाद बिना चालान किए ही छोड़ दिया जाता है। इन्होने तय कर रखा हुआ हैं कि मगलवार को लगने वाले बाजारहाट में भीड़-भाड़ वाले दिन ही चेकिंग करना हैं। एक मामलों में पीडित लोगों की मानें तो यहां पुलिस जांच करने से ज्यादा अवैध वसूली में लगी रहती है। वहीं पुलिस वाहन चेकिंग के नाम पर बिना हेलमेट के चलने वालों से 100 रुपए लेकर उन्हें छोड़ देती है। अगर कोई पैसे देने में आनाकानी करता है तो उसका चालान काट दिया जाता है। इसके अलावा पुलिस द्वारा गालियां भी देती है।

यह पुलिस वालों का धंधा एक दिन का नहीं, बल्कि हमेशा का है। इससे परेशान लोगों द्वारा कई बार इसकी जानकारी मिडिया के माध्यम से तथा उच्चधिकारियों को भी दी गई। लेकिन पुलिस द्वारा की जा रही चैकिंग के नाम पर वसूली नहीं रुक पा रही है। वहीं कोटाडोल थानें की पुलिस द्वारा व्यवस्थाओं और कामकाज से ज्यादा सड़कों में खड़े होकर वाहनों को रोककर डराया जाता है और पुलिस कर्मियोंं द्वारा चालान करने की धमकी देकर अपने जेबें गरम की जा रही हैं।
शहर में यातायात पुलिस द्वारा सप्ताह में एक बार लगने वाली मंगलवार को बाजार के दिन विभिन्न स्थानों में वाहनों की चैकिंग लगाई जा रही है। इस दौरान अधिकारी एक स्थान पर बैठ कर कार्रवाई करते हैं और सड़क में पुलिसकर्मी वाहनों को रोकते हैं और अधिकारी से मिलने के लिए कहते हैं। जिससे कुछ लोग कार्रवाई होने के डर से पुलिस कर्मी को कुछ खर्चा पानी देकर निकल लेते हैं। कोटाडोल थाना पुलिस द्वारा प्रत्येक मंगलवार बाजार के दिन विभिन्न स्थानों में वाहनों की चैकिंग लगाई जा रही है

और पलिस कर्मियों द्वारा मनमानी की जा रही है। जिससे ग्रामीणों को खरीददारी करने में बहुत दिक्कत जा रही हैं वही साथ ही व्यापारियों को व्यापार में काफी नुकसान हो रहा हैं। ज्ञात हो कि ग्राम पंचायत कोटाडोल में सप्ताह में एक दिन मंगलवार को बाजार लगता हैं, जिसमें दूर-दराज के विभिन्न गांव कुद्रप्पा, खोहोरा, कोरमो कला बड़गांव बड़गांव खुदरा खोखोनिया देवशील कटवार ऐसे बहुत सारे गरीब ग्रामीण अपने जरुरत के अनुसार सप्ताह भर के लिए खरीददारी करता हैं, जिसे अब वह ठीक से कर नहीं पा रहे है साथ में व्यापारियों के व्यापार भी नुकसान हो रहा है। इस तरह सप्ताह में एक दिन लगने वाला बाजार भी प्रभावित हो रहा हैं और यहां एमसीबी  जिले के कोटाडोल थानों की पुलिस टीम द्वारा वाहनों चैकिंग की जा रही है और लोगों को कार्रवाई का डर दिखाकर अपने जेब गरम की जा रही है।

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