जबलपुर
ज्येष्ठ पूर्णिमा से भगवान जगन्नाथ ज्वर से पीड़ित हैं। बलदाऊ व बहन सुभद्रा के साथ वे एकांतवास में हैं। भगवान जगन्नाथ स्वामी को इस समय सिर्फ औषधि व काढ़े का भोग लगाया गया। शनिवार को भी जगन्नाथ मंदिरों में भगवान के निजी सेवक व वैद्यों ने भगवान की सेवा व उपचार किया। काढ़ा व औषधि अर्पित कीं।
आज रविवार को आषाढ़ कृष्ण पंचमी पर भगवान का ज्वर उतर गया है। अब कमजोरी दूर करने के लिए भगवान 10 दिन विश्राम करेंगे। इसके बाद स्वस्थ होकर 27 जून को रथयात्रा में प्रजा को दर्शन देने निकलेंगे। रथयात्रा की तैयारी जोरों पर चल रही है।
पुजारी ने दी दवा, काढ़ा
मंदिर में विराजित भगवान जगन्नाथ स्वामी अपने भाई और बहिन के साथ एकांतवास में है। इस दौरान शनिवार को मंदिरों में पुजारी द्वारा भगवान की सेवा की गई। सुबह शाम भगवान को सिर्फ काढ़े का भोग अर्पित किया गया।
सभी भक्त कर रहे सेवा
जबलपुर के जगदीश स्वामी कर्मा माई शंकर भगवान मन्दिर ट्रस्ट गढ़ाफाटक के सदस्य कोठिया श्रीकांत साहू ने बताया कि वात्री साहू समाज के वरिष्ठ एवं युवा सदस्यों द्वारा प्रतिदिन भगवान की सेवा की जा रही है। 15 दिनों के इस काल के रथयात्रा की तैयारियां भी की जा रही हैं।
What do you feel about this post?
Like
Love
Happy
Haha
Sad

