Yogi Declares: UP Police is the Nation’s Finest Force; Zero-Tolerance Policy Towards Crime Will Continue

उत्तर प्रदेश राज्य

लखनऊ

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को रिजर्व पुलिस लाइन, लखनऊ में पुलिस कांस्टेबल के 2025 बैच की पासिंग-आउट परेड की सलामी ली और अपने संबोधन के दौरान पुलिस बल का हौसला भी बढाया। उन्होंने कहा कि पुलिस की सबसे बड़ी ताकत उसका अनुशासन है। मुख्यमंत्री ने समारोह में कांस्टेबलों को प्रशंसा पत्र और पुरस्कार भी वितरित किया।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश पुलिस तो प्रदेश और प्रदेश के बाहर भी संकट में रहती थी। अब यह अब देश के बेहतरीन पुलिस बलों में से एक बनकर उभरी है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अब उत्तर प्रदेश में सरकार और पुलिस पर माफिया का राज नहीं चलता। यहां पर कानून का राज चलता है और राज्य का सशक्त पुलिस बल माफिया को सरंक्षण देने नहीं, बल्कि उनको कुचलने का काम कर रहा है।

सीएम योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के सभी पुलिस बल की काफी प्रशंसा की और कहा कि अब राज्य में दंगे नहीं होते हैं। यहां से रंगदारी और गुंडा टैक्स खत्म हो गए हैं। अपराधी काफी डरे-सहमे हुए हैं और पुलिस का मनोबल भी ऊंचा है। पिछली सरकारों पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश में न तो बेटियां सुरक्षित थीं और न ही व्यापारी। हमारा राज्य अस्थिरता और अराजकता का पर्याय बन गया था। जहां 2017 से पहले दंगे हुआ करते थे, वहीं आज उत्तर प्रदेश पुलिस उन्हें होने से पहले ही रोकने में सफल है।

योगी आदित्यनाथ ने नए भर्ती हुए जवानों को संबोधित करते हुए कहा कि अपराधियों के प्रति कानून उतना ही सख्त होना चाहिए जितना वह नागरिकों के प्रति संवेदनशील है। उन्होंने और विश्वास जताया कि नवागत सभी कांस्टेबल उत्तर प्रदेश पुलिस की गौरवशाली परंपराओं को आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने महिला कर्मियों को भी बधाई दी और कहा कि बेटियों ने पूरी मजबूती, तत्परता और अनुशासन के साथ अपना प्रशिक्षण पूरा किया है, जो कि सराहनीय है।

2.18 लाख से अधिक पुलिस कर्मियों की भर्ती
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में भर्ती को लेकर कहा कि 15 जून, 2025 को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 60,000 से अधिक कांस्टेबलों को नियुक्ति पत्र वितरित किए थे, जिनका प्रशिक्षण पिछले वर्ष 21 जुलाई को शुरू हुआ था। पिछले नौ वर्षों में 2.18 लाख से अधिक पुलिस कर्मियों की भर्ती की गई है और एक लाख से अधिक को पदोन्नति दी गई है, जबकि 2017 के बाद से पुलिस का बजट तीन गुना बढ़ गया है। उन्होंने आगे कहा कि सात पुलिस कमिश्नरेट स्थापित किए गए हैं।

महिला कार्यबल 13 से बढ़ाकर 26 प्रतिशत
यूपी पुलिस में महिला कार्यबल 13 से बढ़ाकर 26 प्रतिशत किया गया है। यूपी पुलिस की परंपरा को आगे बढ़ाने की उम्मीद है। जिससे कि अपराध और अपराधियों पर जीरो टॉलरेंस नीति जारी रहे। उन्होंने कहा कि 2017 में प्रशिक्षण क्षमता सिर्फ तीन हजार थी जो अब 60 हजार हो गई है। इनको आधुनिक हथियारों से प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें सिपाहियों को इंसास राइफल से ट्रेनिंग दी गई है।

ATS को NIA की तर्ज पर प्रशिक्षण
सीएम योगी आदित्यनाथ ने बताया कि आतंकवाद निरोधक दस्ते (ATS) को राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) की तर्ज पर प्रशिक्षित किया जा रहा है। इसके अलावा प्रदेश के सभी 75 जिलों में साइबर पुलिस स्टेशन और फोरेंसिक लैब स्थापित किए गए हैं, और 'मिशन शक्ति' के तहत महिलाओं की सुरक्षा के कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। इस बार की भर्ती में 20 प्रतिशत महिलाएं शामिल की गई हैं।

पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने कहा कि 2025 का बैच देश में पहली बार ऐसा मौका है जब 60,244 कांस्टेबल सीधे भर्ती किए गए हैं, जिनमें 12,000 से अधिक महिलाएं शामिल हैं। उन्होंने इसे महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक अहम कदम बताया।

 

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry