पंजाब में खाद्य आपूर्ति व्यवस्था पर असर की आशंका, निरीक्षकों ने शुरू की अनिश्चितकालीन हड़ताल

राज्य

चंडीगढ़.

पंजाब में खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के फील्ड इंस्पेक्टर अपनी विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले गए हैं। फील्ड इंस्पेक्टरों ने विभाग पर कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही मांगों की अनदेखी करने और वेतन में अनुचित कटौती करने का आरोप लगाया है।

कर्मचारियों ने सरकार से तत्काल हस्तक्षेप कर उनकी समस्याओं का समाधान करने की मांग की है। यूनियन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष यादविंदर सिंह ने कहा कि फील्ड इंस्पेक्टर सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस), अनाज की खरीद, भंडारण, परिवहन और राज्यभर में खाद्यान्न के वितरण से जुड़ी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां निभाते हैं। इसके बावजूद कर्मचारी कई वर्षों से वित्तीय और मानसिक तनाव का सामना कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि विभागीय नीतियों और जायज मांगों पर कार्रवाई नहीं होने के कारण कर्मचारियों में रोष बढ़ रहा है।

वेतन से कटौती बंद करने की मांग
यूनियन के महासचिव राजेश बंसल ने कहा कि कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में वेतन से की जा रही अनुचित और अवैध कटौती को तत्काल रोकना शामिल है। विशेष रूप से देर से दस्तावेज जमा होने के नाम पर की गई कटौतियों की समीक्षा कर अनुचित पाए जाने पर राशि वापस करने की मांग की गई है। यूनियन के अनुसार, संबंधित मंत्री से बैठक के लिए कई बार अनुरोध किया गया, लेकिन बैठक लगातार टलती रही।

चार साल से क्रेट और तिरपाल की कमी
कर्मचारियों ने फील्ड स्तर पर जरूरी सुविधाओं की कमी का मुद्दा भी उठाया है। उनका आरोप है कि अनाज के सुरक्षित भंडारण और संरक्षण के लिए जरूरी क्रेट और तिरपाल पिछले करीब चार वर्षों से पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध नहीं कराए गए हैं। इसके बावजूद फील्ड कर्मचारी सरकारी खाद्यान्न को सुरक्षित रखने के लिए प्रयास करते रहे हैं और कई बार उन्हें अपने स्तर पर खर्च भी करना पड़ा। यूनियन ने फील्ड कार्यालयों के लिए पर्याप्त आधारभूत ढांचा और जरूरी सामग्री उपलब्ध कराने के साथ लंबित भत्ते, जिसमें कन्वेयंस भत्ता भी शामिल है, जारी करने की मांग की है।

कोरोना काल में भी निभाई ड्यूटी
यूनियन नेताओं ने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान भी खाद्य आपूर्ति निरीक्षकों ने अपनी ड्यूटी जारी रखी थी। उन्होंने सुनिश्चित किया कि जरूरी खाद्य सामग्री और राशन राज्यभर में लोगों तक पहुंचता रहे। इसके बावजूद उनकी मांगों पर लंबे समय से समाधान नहीं हुआ। एएफएसओ यूनियन के महासचिव मुकेश ने मुख्यमंत्री से व्यक्तिगत हस्तक्षेप कर कर्मचारियों की समस्याओं का समाधान कराने की अपील की है। यूनियन अध्यक्ष केवल सिंह ने उम्मीद जताई कि सरकार जल्द कदम उठाएगी, ताकि विवाद समाप्त हो और विभागीय कामकाज सामान्य हो सके। हड़ताल को सहायक खाद्य आपूर्ति अधिकारी यूनियन ने भी पूर्ण और बिना शर्त समर्थन दिया है।

What do you feel about this post?

0%
like

Like

0%
love

Love

0%
happy

Happy

0%
haha

Haha

0%
sad

Sad

0%
angry

Angry